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	<title>visfot.com । विस्फोट.कॉम</title>

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	<copyright>&amp;copy;2007 Spoonlabs d.o.o.</copyright>

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		<title>visfot.com । विस्फोट.कॉम</title>

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								<title>कहां खो गया गैरकांग्रेसवाद?</title>

								<link>http://www.visfot.com/index.php/politics/1057.html</link>

								<category>राजनीति</category>

								<pubDate>Sun, 21 Jun 2009 09:21:00 +0600</pubDate>

								<description>पिछले आम चुनाव में यूपीए को मिली जीत को कांग्रेस की ऐतिहासिक सफलता के तौर पर विश्लेषित करने का जोरदार दौर चल रहा है। इस जीत के जश्न में वे लोग भी शामिल हो गए हैं, जिनकी पूरी राजनीतिक पूंजी गैरकांग्रेसवाद की सीढ़ी के ही सहारे पली-बढ़ी है।  मुलायम सिंह यादव, लालू प्रसाद यादव और रामविलास पासवान राजनीतिक क्षितिज पर आज जहां पहुंचे हैं, उसकी सबसे बड़ी वजह गैरकांग्रेसवाद ही रहा है। कांग्रेस के विरोध का परचम थामे हुए ही ये लोग राजनीति ही नहीं देश की बड़ी शख्सियत बनने में कामयाब हुए हैं। लेकिन आज ये ही लोग कांग्रेस के साथ बैठने में ही गर्व का अनुभव कर रहे हैं।</description>

							

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										<title>Jeet Bhargava</title>

										

											<link>http://www.secularnama.wordpress.com</link>

										

										<category>राजनीति</category>

										<pubDate>Sat, 11 Jul 2009 07:01:05 +0600</pubDate>

										<description>आपने सही बात सटीक तरीके से कही है. एक-एक करके सभी कांग्रेस की गोद में बैठ गए हैं. इसमे मुलायम से लेकर लालू और करूणानिधि से लेकर लाल झंडेवाले सभी शामिल हैं. महाराष्ट्र में शरद पवार है तो उत्तर में राम विलास और यादव कंपनी. अब तो ममता को भी कांग्रेस पे ममता आ गयी.  शर्म की बात है कि इन्होने कोंग्रेस विरोध के नाम पे अपनी दुकाने जमाई (और अब भी चलाते हैं) लेकिन सत्ता में भागीदारी का मौका मिलते ही सेकुलर वाद के नाम पे कोंग्रेस की गोद में बैठ जाते हैं. इस देश में सेकुलरवाद के नाम पर सबकुछ चलता है, मौकापरस्ती भी, भ्रष्टाचार भी, तुष्टिकरण भी. जे एन यु में पले बढे और बिकाऊ मुख्यधारा का मीडिया इनसे सवाल करने की बजाय इनके महिमामंडन में लगा हुआ है. उससे तो उम्मीद बेकार है. शुभ संकेत ये है कि सबसे तेज और सबसे अलग होने या सब पर नजर रखने का दावा नहीं करने वाला &amp;#039;विस्फोट&amp;#039; और आप जैसे ईमानदार पत्रकार यह काम कर रहे हैं. आपकी कलम को सलाम. शुभकामनाएं.</description>

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<description>visfot.com । विस्फोट.कॉम</description>

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